16 फरवरी से शुरू होगा MP विधानसभा का बजट सत्र, 18 -19 को पेश हो सकता है बजट
मध्य प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 16 फरवरी से 6 मार्च तक चलेगा, जिसमें कुल 12 बैठकें होंगी। सत्र की शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण से होगी, और 18 या 19 फरव ...और पढ़ें

मप्र विधानसभा भवन (फाइल फोटो)

समय कम है?
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डिजिटल डेस्क, भोपाल। मध्य प्रदेश विधानसभा का बजट सत्र 16 फरवरी से छह मार्च तक चलेगा। 19 दिवसीय सत्र में कुल 12 बैठकें होंगी। इसकी शुरुआत 16 फरवरी को राज्यपाल मंगुभाई पटेल के अभिभाषण से होगी। 18 या 19 फरवरी को वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट प्रस्तुत किया जा सकता है।
विधानसभा सचिवालय ने गुरुवार को सत्र की अधिसूचना जारी कर दी। अभिभाषण में राज्यपाल सरकार की बीते एक वर्ष की उपलब्धियां और आगामी कार्ययोजना प्रस्तुत करेंगे। इस पर सरकार कृतज्ञता प्रस्ताव प्रस्तुत करेगी। इस पर एक दिन चर्चा होगी।
20 फरवरी शुक्रवार को अशासकीय कार्य दिवस रहेगा, इसलिए माना जा रहा है कि इसके पहले यानी 18 या 19 फरवरी को बजट प्रस्तुत किया जा सकता है। सत्र में होने वाले वित्तीय कार्यों के लिए सचिवालय द्वारा सरकार से पत्र लिखकर जानकारी मांगी जाएगी। बजट के पहले या बाद में वित्त विभाग तृतीय अनुपूरक बजट प्रस्तुत कर सकती है। इसमें केंद्र सरकार से मिलने वाली राशि के हिसाब से प्रविधान किए जाएंगे।
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सत्र के दौरान मुख्यमंत्री, मंत्री, विधानसभा अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, नेता प्रतिपक्ष, विधायक और पूर्व विधायकों के वेतन, पेंशन, भत्ते में संशोधन के लिए विधेयक प्रस्तुत होगा। इसकी तैयारी काफी समय से चल रही है। इसके साथ ही सिंहस्थ मेला अधिनियम संशोधन, फायर सेफ्टी एक्ट सहित अन्य विधेयक भी प्रस्तुत किए जाएंगे।
होली का रहेगा तीन दिन का अवकाश
28 फरवरी से चार मार्च तक सदन की कार्यवाही नहीं होगी। 28 फरवरी को शनिवार और एक मार्च को रविवार का अवकाश रहेगा। तीन मार्च को होली है। इस दिन पहले और एक दिन बाद अवकाश रखा गया है। इसके पहले 21 और 22 फरवरी को शनिवार और रविवार का अवकाश रहेगा।
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कम अवधि को लेकर आपत्ति जताएगी कांग्रेस
विधानसभा के बजट सत्र में बैठक की कम अवधि को लेकर कांग्रेस आपत्ति जताएगी। पिछले सत्र में इसको लेकर काफी हंगामा हुआ था, जिसके देर रात तक सदन की कार्यवाही संचालित की गई थी।
विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार का कहना है कि सरकार सदन में चर्चा कराने से भागती है। यही कारण है कि सत्र की अवधि लगातार घटाई जा रही है। हम विधायक दल की ओर से सरकार से मांग करेंगे कि सत्र की अवधि बढ़ाई जाए ताकि जनहित के मुद्दों पर सदन में सार्थक चर्चा हो सके।