लखनऊ में ट्यूशन के लिए अंदर गई बड़ी बहन, पीछे खड़ी अन्वी पर गिर पड़ा 110 किलो का गेट, मौत
लखनऊ के मोहिद्दीनपुर गांव में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। घर के बाहर लगा 110 किलो वजनी लोहे का गेट गिरने से दो वर्षीय अन्वी की मौत हो गई, ज ...और पढ़ें

मृतका अन्वी। स्वजन
HighLights
लखनऊ में 110 किलो वजनी गेट गिरने से बच्ची की मौत।
दो वर्षीय अन्वी की सिर में गंभीर चोट लगने से जान गई।
पिता ने गेट लगाने में लापरवाही की आशंका जताई।
संवाद सूत्र, लखनऊ। पीजीआइ थाना क्षेत्र के मोहिद्दीनपुर गांव में शुक्रवार सुबह हुए दर्दनाक हादसे ने एक परिवार की दुनिया उजाड़ दी। घर के बाहर लगा करीब 110 किलो वजनी लोहे का गेट अचानक गिर पड़ा, जिसके नीचे दबकर दो वर्षीय अन्वी की मौत हो गई। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसरा है। कुछ देर पहले तक जिस घर में मासूम की किलकारियां गूंज रही थीं, वहां अब सिसकियां सुनाई दे रही हैं।
मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करने वाले सूरज कुमार शुक्रवार सुबह घर पर ही थे। वह अपनी दोनों बेटियों के साथ समय बिता रहे थे। परिवार के लोगों ने बताया कि सुबह दोनों बच्चियां घर के बाहर गेट के पास खेल रही थीं। इसी दौरान पड़ोस में रहने वाली दिशा ने बड़ी बेटी सृष्टि को ट्यूशन पढ़ने के लिए आवाज दी। दिशा को किसी शादी समारोह में जाना था, इसलिए उसने रोज शाम के बजाय सुबह ही सृष्टि को बुला लिया था।
आवाज सुनकर सृष्टि बैग लेने के लिए घर के अंदर चली गई, जबकि छोटी बहन अन्वी गेट के पास ही खड़ी रही। तभी अचानक भारी लोहे का गेट भरभराकर अन्वी के ऊपर गिर पड़ा। तेज आवाज और बच्ची की चीख सुनकर परिवार के लोग बाहर दौड़े।
अन्वी गेट के नीचे दब चुकी थी और उसके सिर में गंभीर चोट आई थी। परिवारजन और पड़ोसियों ने किसी तरह गेट हटाया और बच्ची को पीजीआई ट्रामा सेंटर पहुंचाया, लेकिन सिर में गंभीर चोट और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण उसकी जान नहीं बच सकी।
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गेट लगाने वाले पर जताई लापरवाही की आशंका: हादसे के बाद पिता सूरज कुमार ने गेट लगाने में लापरवाही की आशंका जताई। उनका कहना है कि करीब आठ वर्ष पहले मकान बनवाते समय यह गेट लगवाया गया था।
ग्रामीणों का कहना है कि यह महज संयोग था कि बड़ी बहन कुछ सेकंड पहले ही वहां से हट गई, अन्यथा वह भी हादसे की चपेट में आ सकती थी। घरवालों ने बच्ची का पोस्टमार्टम नहीं कराया और अंतिम संस्कार कर दिया।